मुंगेली/जिला प्रशासन द्वारा आमजनों की समस्याओं के त्वरित समाधान का दावा किया जा रहा है, लेकिन ग्राम पंचायत बलौदी के आश्रित गांव गीतपुरी की एक महिला का मामला कई गंभीर सवाल खड़े कर रहा है। रिकॉर्ड में जीवित महिला को मृत घोषित किए जाने के कारण उसे फरवरी 2026 से महतारी वंदन योजना की राशि मिलना बंद हो गई। अब इस मामले में प्रशासन ने अपनी गलती स्वीकार करते हुए संबंधित अधिकारियों को कारण बताओ नोटिस जारी करने के निर्देश दिए हैं, वहीं पीड़ित परिवार ने प्रशासन की जांच पर ही सवाल उठा दिए हैं।
कलेक्टर कुन्दन कुमार के निर्देशानुसार जनदर्शन में पहुंची गीतपुरी निवासी श्रीमती भूरी बाई यादव ने शिकायत दर्ज कराई कि उन्हें रिकॉर्ड में मृत घोषित कर दिए जाने के कारण महतारी वंदन योजना का लाभ मिलना बंद हो गया है। उन्होंने प्रशासन से योजना की राशि दोबारा शुरू कराने की मांग की।
प्रशासन की ओर से की गई जांच में यह बात सामने आई कि गांव में समान नाम वाली दूसरी महिला के निधन के कारण तकनीकी और मानवीय त्रुटि से भूरी बाई यादव का नाम लाभार्थी सूची से हटा दिया गया। इस गलती के चलते वे शासन की महत्वपूर्ण जनकल्याणकारी योजना के लाभ से वंचित हो गईं।
मामले को गंभीरता से लेते हुए कलेक्टर ने संबंधित सीडीपीओ एवं डीपीओ को कारण बताओ नोटिस जारी करने के निर्देश दिए हैं। साथ ही स्पष्ट किया है कि शासन की योजनाओं का लाभ पात्र हितग्राहियों तक बिना किसी बाधा के पहुंचे और भविष्य में ऐसी लापरवाही की पुनरावृत्ति न हो, इसके लिए जवाबदेही तय की जाएगी।
अपर कलेक्टर जी.एल. यादव के अनुसार,त्रुटि के निराकरण के लिए विभाग द्वारा शासन स्तर पर आवश्यक पत्राचार किया जा चुका है। प्रक्रिया पूरी होते ही भूरी बाई यादव को पुनःमहतारी वंदन योजना का लाभ मिलने लगेगा।
प्रशासन की जांच पर बेटे ने उठाए सवाल
हालांकि,इस पूरे मामले में पीड़ित महिला के बेटे गुनुराम यादव ने प्रशासन की जांच पर गंभीर सवाल खड़े किए हैं। उनका कहना है कि प्रशासन जिस “हमनाम महिला की मृत्यु” की बात कह रहा है,वह तथ्य सही नहीं है।
गुनुराम यादव के अनुसार,गांव में उनकी मां भूरी बाई के नाम की अन्य महिलाएं जरूर हैं,लेकिन उनमें से किसी की भी मृत्यु नहीं हुई है। उन्होंने कहा कि मामले की निष्पक्ष और गहन जांच होनी चाहिए ताकि वास्तविक कारण सामने आ सके और भविष्य में किसी अन्य पात्र हितग्राही को ऐसी परेशानी का सामना न करना पड़े।
फरवरी 2026 से नहीं मिली योजना की राशि
गौरतलब है कि भूरी बाई यादव को फरवरी 2026 से महतारी वंदन योजना की राशि प्राप्त नहीं हुई है। अब जबकि प्रशासन ने त्रुटि स्वीकार करते हुए सुधार प्रक्रिया शुरू करने की बात कही है, वहीं परिजनों द्वारा लगाए गए सवाल इस मामले को और गंभीर बना रहे हैं। ऐसे में अब सभी की निगाहें इस बात पर टिकी हैं कि वास्तविक जांच में क्या तथ्य सामने आते हैं और पीड़ित महिला को उसका लंबित लाभ कब तक मिल पाता है।



