सुहागिन महिलाओं के पावन तीज पर्व एवं प्रथम पूज्य भगवान गणेश के महापर्व गणेश चतुर्थी पर नगर पालिका अध्यक्ष ने दी बधाई,सुख-समृद्धि और खुशहाली की कामना
मुंगेली/नगर पालिका अध्यक्ष रोहित शुक्ला ने नगरवासियों को सुहागिन महिलाओं के पावन तीज पर्व एवं प्रथम पूज्य भगवान श्री गणेश के पावन उत्सव गणेश चतुर्थी की हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं दी हैं। उन्होंने दोनों पर्वों को भारतीय संस्कृति,धार्मिक आस्था,पारिवारिक प्रेम और सामाजिक एकता का प्रतीक बताते हुए नगर के सभी नागरिकों के सुख, समृद्धि,स्वास्थ्य एवं खुशहाली की कामना की है।
नगर पालिका अध्यक्ष रोहित शुक्ला ने कहाकि तीज पर्व और गणेश चतुर्थी हमारी समृद्ध धार्मिक एवं सांस्कृतिक परंपराओं का अभिन्न हिस्सा हैं। ये पर्व समाज में आपसी प्रेम,भाईचारे और सौहार्द की भावना को मजबूत करते हैं। ऐसे पावन अवसरों पर हमें अपनी संस्कृति एवं परंपराओं को सहेजते हुए मिल-जुलकर उत्सव मनाना चाहिए।
तीज पर्व:सुहागिन महिलाओं की आस्था,प्रेम और समर्पण का पर्व
तीज पर्व हिंदू धर्म में विशेष धार्मिक एवं सांस्कृतिक महत्व रखता है। यह पर्व विशेष रूप से सुहागिन महिलाओं के लिए आस्था,श्रद्धा,प्रेम और समर्पण का प्रतीक माना जाता है। महिलाएं अपने पति की दीर्घायु, सुखी दांपत्य जीवन एवं परिवार की समृद्धि की कामना के साथ तीज व्रत रखती हैं।
तीज के अवसर पर महिलाएं पारंपरिक परिधान धारण कर सोलह श्रृंगार करती हैं। हाथों में मेहंदी रचाती हैं, झूले का आनंद लेती हैं और माता पार्वती एवं भगवान शिव की पूजा-अर्चना करती हैं। इस पर्व में माता पार्वती के तप,त्याग एवं भगवान शिव के प्रति उनकी अटूट श्रद्धा का विशेष वर्णन मिलता है।
हरियाली तीज का धार्मिक महत्व
हरियाली तीज सावन मास में मनाया जाने वाला प्रमुख पर्व है। प्रकृति की हरियाली, सावन की फुहारें, झूले और महिलाओं के पारंपरिक गीत इस पर्व की सुंदरता को और बढ़ाते हैं। धार्मिक मान्यता के अनुसार, माता पार्वती ने भगवान शिव को पति रूप में प्राप्त करने के लिए कठोर तपस्या की थी। उनके इसी समर्पण और तपस्या की स्मृति में तीज पर्व मनाया जाता है।
तीज पर्व केवल व्रत एवं पूजा तक सीमित नहीं है,बल्कि यह महिलाओं के आपसी प्रेम,रिश्तों की मजबूती और पारिवारिक एकता का भी संदेश देता है। इस अवसर पर मायके एवं ससुराल पक्ष के बीच स्नेह और आत्मीयता बढ़ती है। महिलाएं एक-दूसरे को तीज की बधाई देती हैं तथा परिवार की सुख-शांति एवं समृद्धि की कामना करती हैं।
नगर पालिका अध्यक्ष रोहित शुक्ला ने नगर की सभी माताओं, बहनों एवं सुहागिन महिलाओं को तीज पर्व की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि यह पावन पर्व सभी के जीवन में प्रेम, खुशहाली और सौभाग्य लेकर आए।
गणेश चतुर्थी:प्रथम पूज्य भगवान गणेश की आराधना का महापर्व
गणेश चतुर्थी हिंदू धर्म का एक अत्यंत महत्वपूर्ण एवं लोकप्रिय पर्व है। यह पर्व भगवान श्री गणेश के जन्मोत्सव के रूप में मनाया जाता है। भगवान गणेश को प्रथम पूज्य,विघ्नहर्ता,मंगलकर्ता एवं बुद्धि-विवेक के देवता के रूप में पूजा जाता है।
धार्मिक मान्यता के अनुसार,भगवान गणेश माता पार्वती और भगवान शिव के पुत्र हैं। किसी भी शुभ कार्य,पूजा,विवाह,गृह प्रवेश या धार्मिक अनुष्ठान की शुरुआत भगवान गणेश की पूजा से की जाती है। उन्हें विघ्नों का नाश करने वाला और भक्तों के जीवन में मंगल लाने वाला देवता माना जाता है।
गणेशोत्सव में भक्ति और उत्साह का अद्भुत संगम
गणेश चतुर्थी के अवसर पर घरों,मंदिरों एवं सार्वजनिक स्थलों पर भगवान श्री गणेश की प्रतिमाओं की स्थापना की जाती है। भक्तगण विधि-विधान से पूजा-अर्चना करते हैं तथा भगवान गणेश को मोदक,लड्डू एवं विभिन्न प्रकार के भोग अर्पित करते हैं।
गणेशोत्सव के दौरान नगर एवं ग्रामीण क्षेत्रों में विभिन्न समितियों द्वारा आकर्षक पंडाल सजाए जाते हैं। श्रद्धालु भगवान गणेश के दर्शन करने पहुंचते हैं। आरती,भजन,कीर्तन एवं धार्मिक कार्यक्रमों से वातावरण भक्तिमय हो जाता है। बच्चे,युवा,महिलाएं एवं बुजुर्ग सभी इस उत्सव में उत्साहपूर्वक भाग लेते हैं।
गणेश चतुर्थी का पर्व हमें यह संदेश देता है कि जीवन में किसी भी कार्य की शुरुआत सकारात्मक सोच,बुद्धि,विवेक एवं श्रद्धा के साथ करनी चाहिए। भगवान गणेश का स्वरूप ज्ञान, विनम्रता और शुभता का प्रतीक है। उनका आशीर्वाद जीवन में आने वाली बाधाओं को दूर करने तथा सफलता के मार्ग को प्रशस्त करने की प्रेरणा देता है।
पर्यावरण संरक्षण के साथ मनाएं गणेशोत्सव
नगर पालिका अध्यक्ष रोहित शुक्ला ने नगरवासियों से गणेशोत्सव को श्रद्धा,उत्साह एवं आपसी भाईचारे के साथ मनाने की अपील की। उन्होंने कहा कि धार्मिक आस्था के साथ पर्यावरण संरक्षण का भी विशेष ध्यान रखना चाहिए। प्रतिमाओं की स्थापना एवं विसर्जन के दौरान स्वच्छता, सुरक्षा और पर्यावरण के प्रति जागरूकता बनाए रखना हम सभी की जिम्मेदारी है।
उन्होंने नागरिकों से अपील करते हुए कहा कि गणेशोत्सव के दौरान नगर की स्वच्छता व्यवस्था बनाए रखने में नगर पालिका का सहयोग करें। सार्वजनिक आयोजनों में अनुशासन, शांति एवं सौहार्द का वातावरण बनाए रखें, ताकि यह पावन पर्व सभी के लिए आनंद और मंगल का संदेश लेकर आए।
नगरवासियों के सुख-समृद्धि की कामना
नगर पालिका अध्यक्ष रोहित शुक्ला ने कहाकि तीज पर्व और गणेश चतुर्थी दोनों ही पर्व हमारे जीवन में धार्मिक आस्था के साथ-साथ सामाजिक एकता और पारिवारिक प्रेम का संदेश लेकर आते हैं। तीज पर्व महिलाओं के त्याग, समर्पण एवं दांपत्य प्रेम का प्रतीक है वहीं गणेश चतुर्थी बुद्धि,विवेक,शुभता एवं विघ्नों के नाश का संदेश देती है।
उन्होंने समस्त मुंगेली नगरवासियों को दोनों पावन पर्वों की हार्दिक शुभकामनाएं देते हुए कहा कि माता पार्वती एवं भगवान शिव की कृपा से सभी सुहागिन महिलाओं का दांपत्य जीवन सुखमय एवं मंगलमय हो तथा प्रथम पूज्य भगवान श्री गणेश सभी के जीवन से दुख, संकट एवं बाधाओं को दूर कर सुख,शांति,समृद्धि और खुशहाली प्रदान करें।
नगर पालिका अध्यक्ष रोहित शुक्ला ने सभी नागरिकों से प्रेम,भाईचारे एवं सौहार्द के साथ पर्व मनाने की अपील करते हुए नगर के उज्ज्वल भविष्य एवं सर्वांगीण विकास की कामना की।



