मुंगेली/नगर के इतिहास में शनिवार का दिन एक ऐतिहासिक और गौरवपूर्ण अध्याय के रूप में दर्ज हो गया,जब महान शूरवीर योद्धा महाराणा प्रताप की विशाल प्रतिमा का नगर आगमन हुआ। इस अवसर पर पूरे नगर में उत्सव जैसा माहौल देखने को मिला। समाज के लोगों ने आतिशबाजी,पुष्प वर्षा और जयघोष के साथ प्रतिमा का भव्य स्वागत किया।
क्षत्रिय समाज के अध्यक्ष आनंद वल्लभ सिंह के नेतृत्व में एक विशाल रैली निकाली गई,जो नगर के भक्त माता कर्मा चौक से प्रारंभ होकर पड़ाव चौक तक पहुँची। इस दौरान सैकड़ों की संख्या में समाज के लोग पारंपरिक उत्साह और श्रद्धा के साथ शामिल हुए। रैली के पड़ाव चौक पहुँचने पर विधिवत रूप से प्रतिमा की स्थापना की गई।
कार्यक्रम के दौरान समाज के पदाधिकारियों ने भावुक होकर पूर्व अध्यक्ष स्वर्गीय विपनेश सिंह और युग कवि और समाज के गौरव स्वर्गीय केदार सिंह परिहार को याद किया। उन्होंने बताया कि लगभग तीन दशक पहले इन महान व्यक्तित्वों ने जिस सपने को देखा था,वह आज साकार हुआ है। उनके प्रयासों से ही पहले इस चौक का नामकरण ‘महाराणा प्रताप चौक’ किया गया था और अब प्रतिमा स्थापना के साथ यह पहचान और सशक्त हो गई है।
इस महत्वपूर्ण कार्य को सफल बनाने में समाज के वरिष्ठ शंकर सिंह परिहार,जनपद अध्यक्ष रामकमल सिंह परिहार,लोकनाथ सिंह,होरी सिंह ठाकुर,उमाकांत सिंह,हरिकपुर सिंह,सरपंच राधाचरण सिंह परिहार,जिला महामंत्री (पूर्व पार्षद) श्री ठाकुर,गोकुलेश सिंह परिहार,ग्राम प्रधान विपिन सिंह ठाकुर,संजय सिंह साधु और राघवेन्द्र बब्बू सिंह का विशेष योगदान रहा। इनके अथक प्रयासों से यह ऐतिहासिक कार्य संपन्न हो सका।
समाज के पदाधिकारियों ने जानकारी दी कि फिलहाल प्रतिमा की स्थापना की गई है और आने वाले दिनों में इसके सौंदर्यीकरण के बाद भव्य अनावरण समारोह आयोजित किया जाएगा,जिसकी तैयारी भी जल्द शुरू होगी।
इस दौरान नगर विधायक पुन्नूलाल मोहले ने भी अपनी उपस्थिति दर्ज कराई और आश्वासन दिया कि इस कार्य को पूर्ण रूप से भव्य बनाने में जो भी सहयोग आवश्यक होगा,वह उनके द्वारा प्रदान किया जाएगा।

इस अवसर पर पूर्व प्रत्याशी संजीत बनर्जी,पूर्व नगर पालिका अध्यक्ष हेमेंद्र गोस्वामी,भाजपा जिला अध्यक्ष दीनानाथ केशरवानी और पूर्व पार्षदअमितेश आर्य सहित अनेक गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।
मुंगेली नगर में आयोजित यह ऐतिहासिक आयोजन न केवल समाज की एकता और सांस्कृतिक चेतना का प्रतीक बना,बल्कि आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणा का स्रोत भी सिद्ध होगा।



