मुंगेली/जिले के पथरिया विकासखंड अंतर्गत ग्राम पंचायत लौदा में आमजनों की समस्याओं के समाधान के उद्देश्य से जिला स्तरीय जनसमस्या निवारण शिविर का सफल आयोजन किया गया। शिविर का शुभारंभ छत्तीसगढ़ महतारी एवं मां सरस्वती के छायाचित्र पर माल्यार्पण कर किया गया।
शिविर में विभिन्न विभागों द्वारा स्टॉल लगाकर शासन की जनकल्याणकारी योजनाओं की विस्तृत जानकारी दी गई तथा योजनाओं से संबंधित आवेदन भी प्राप्त किए गए। इस दौरान मांग एवं शिकायत से जुड़े 460 से अधिक आवेदन प्राप्त हुए,जिनमें से 75 से अधिक आवेदनों का मौके पर ही निराकरण कर दिया गया,जबकि शेष आवेदनों का नियमानुसार निराकरण किया जा रहा है।
शिविर के माध्यम से ग्रामीणों को विभिन्न योजनाओं की जानकारी दी गई और उन्हें पात्रतानुसार लाभ लेने के लिए प्रेरित किया गया। साथ ही 6 माह के बच्चों का अन्नप्राशन संस्कार भी कराया गया, जिससे कार्यक्रम में सामाजिक सरोकार की झलक भी देखने को मिली।
इस अवसर पर विधायक पुन्नूलाल मोहले ने कहाकि राज्य सरकार गांव,गरीब और आमजन के सशक्तिकरण के लिए निरंतर कार्य कर रही है। उन्होंने महतारी वंदन योजना के माध्यम से महिलाओं को मिल रहे लाभ, आवास योजना और धान खरीदी जैसे प्रयासों का उल्लेख करते हुए ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करने पर जोर दिया। उन्होंने बिजली और पानी के दुरुपयोग से बचने की अपील करते हुए लोगों को शिविर के माध्यम से योजनाओं का लाभ उठाने के लिए प्रेरित किया।
कलेक्टर कुंदन कुमार ने जल संरक्षण और शिक्षा के महत्व पर विशेष बल दिया। उन्होंने कहा कि “पानी बनाया नहीं जा सकता, इसलिए हर बूंद की बचत आवश्यक है।” उन्होंने बताया कि जिले की 177 ग्राम पंचायतों में पेयजल समस्या के समाधान हेतु कार्ययोजना बनाई गई है। कलेक्टर ने रेन वाटर हार्वेस्टिंग अपनाने और बच्चों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा, विशेषकर अंग्रेजी शिक्षा दिलाने का आग्रह किया। शिविर के दौरान उन्होंने ग्रामीणों से सीधे संवाद कर उनकी समस्याएं सुनीं और अधिकारियों को त्वरित समाधान के निर्देश दिए।
जिला पंचायत अध्यक्ष श्रीकांत पांडेय ने कहाकि जनसमस्या निवारण शिविर शासन और आमजन के बीच सीधा संवाद स्थापित करने का सशक्त माध्यम है। उन्होंने कहाकि ग्रामीण क्षेत्रों में इस प्रकार के शिविरों के आयोजन से लोगों की समस्याओं का त्वरित समाधान संभव हो पाता है। श्री पांडेय ने अधिकारियों से संवेदनशीलता के साथ कार्य करने और प्रत्येक पात्र हितग्राही तक योजनाओं का लाभ पहुंचाने का आग्रह किया। उन्होंने ग्रामीणों से भी अपील की कि वे शासन की योजनाओं की जानकारी लेकर उनका अधिक से अधिक लाभ उठाएं और अपने गांव के विकास में सक्रिय भागीदारी निभाएं।

जिला पंचायत सीईओ प्रभाकर पांडेय ने कहाकि यह वर्ष का पहला जनसमस्या निवारण शिविर है,जिसका उद्देश्य आमजनों की समस्याओं का प्राथमिकता के आधार पर निराकरण करना है। उन्होंने प्रत्येक आवेदन के शत-प्रतिशत समाधान का आश्वासन दिया।
कार्यक्रम के अंत में स्काउट-गाइड के विद्यार्थियों द्वारा गर्मी के मौसम में स्वच्छ पेयजल उपलब्ध कराने के उद्देश्य से प्याऊ घर का शुभारंभ किया गया। इस दौरान पथरिया एसडीएम श्रीमती रेखा चंद्रा,जनपद पंचायत अध्यक्ष चित्ररेखा जांगड़े सहित अन्य जनप्रतिनिधि और अधिकारी उपस्थित रहे।
हितग्राहियों को सामग्री वितरण से मिली राहत:
शिविर में विभिन्न योजनाओं के तहत हितग्राहियों को सामग्री वितरण कर लाभान्वित किया गया। शाकंभरी योजना के अंतर्गत 5 हितग्राहियों को विद्युत पंप प्रदान किए गए। समाज कल्याण विभाग द्वारा 2 हितग्राहियों को श्रवण यंत्र एवं बैसाखी वितरित की गई। इसके अलावा 6 स्व सहायता समूह की महिलाओं को चेक राशि प्रदान की गई।
मछली पालन विभाग द्वारा 1 हितग्राही को जाल एवं आइस बॉक्स प्रदान किया गया,जिससे उसे आजीविका में सहायता मिलेगी। वहीं दिव्यांग स्कूली बच्चों को श्रवण यंत्र देकर उनके जीवन को सरल बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल की गई।
इस प्रकार शिविर ने न केवल समस्याओं के समाधान का मंच प्रदान किया,बल्कि शासन की योजनाओं को धरातल तक पहुंचाने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।




