मुंगेली/विश्व क्षय दिवस 2026 के अवसर पर जिले में “प्रधानमंत्री टीबी मुक्त भारत अभियान” के 100 दिवसीय द्वितीय चरण के तहत जनदर्शन सभाकक्ष में भव्य कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस दौरान टीबी मुक्त ग्राम पंचायतों को सम्मानित किया गया और जिले को टीबी मुक्त बनाने के लिए सामूहिक संकल्प लिया गया।
विधायक का संबोधन:
कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में विधायक पुन्नूलाल मोहले शामिल हुए। इस दौरान कार्यक्रम को संबोधित करते हुए उन्होंने कहाकि वर्ष 2026 तक देश को टीबी मुक्त बनाने का लक्ष्य तय किया गया है और इसमें जनभागीदारी की महत्वपूर्ण भूमिका है। मुंगेली जिले द्वारा किए जा रहे प्रयास सराहनीय हैं।
नगरपालिका अध्यक्ष का संबोधन:
नगरपालिका अध्यक्ष रोहित शुक्ला ने अपने संबोधन में कहाकि टीबी उन्मूलन केवल स्वास्थ्य विभाग की जिम्मेदारी नहीं है, बल्कि यह पूरे समाज की साझा जिम्मेदारी है। उन्होंने कहा कि नगर क्षेत्र में स्वच्छता, नियमित स्वास्थ्य जांच और जनजागरूकता के माध्यम से इस अभियान को और मजबूत किया जाएगा। उन्होंने नागरिकों से अपील की कि वे टीबी के लक्षण दिखाई देने पर तुरंत जांच कराएं और उपचार में लापरवाही न बरतें।
नगरपालिका उपाध्यक्ष का संबोधन:
नगरपालिका उपाध्यक्ष जय प्रकाश मिश्रा ने कहाकि टीबी जैसी बीमारी को खत्म करने के लिए जनजागरूकता सबसे बड़ा हथियार है। उन्होंने कहा कि गांव-गांव और वार्ड-वार्ड तक जागरूकता अभियान चलाकर लोगों को इस बीमारी के प्रति सचेत किया जाएगा। उन्होंने यह भी कहा कि सभी जनप्रतिनिधि और नागरिक मिलकर कार्य करें तो टीबी मुक्त मुंगेली का लक्ष्य जल्द ही हासिल किया जा सकता है।
जिला पंचायत सीईओ प्रभाकर पांडेय ने सभी नागरिकों से टीबी मुक्त जिला बनाने का संकल्प लेने की अपील की। वहीं सीएमएचओ शीला साहा ने जानकारी देते हुए बताया कि वर्ष 2025 में 11,807 संदिग्ध मरीजों की जांच में 824 टीबी मरीजों की पहचान हुई,जिनमें से 97 प्रतिशत मरीजों का सफल उपचार किया गया। साथ ही 804 मरीजों को निक्षय मित्र योजना के तहत पोषण आहार उपलब्ध कराया गया।
टीबी मुक्त ग्राम पंचायत अभियान के तहत जिले में 118 ग्राम पंचायतों को वर्ष 2025 में टीबी मुक्त घोषित किया गया,जबकि इससे पहले 74 पंचायतें यह उपलब्धि हासिल कर चुकी हैं। कार्यक्रम में इन पंचायतों को गांधी जी की प्रतिमा और प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया गया।
कार्यक्रम में जिला पंचायत अध्यक्ष श्रीकांत पांडे सहित अन्य जनप्रतिनिधि और अधिकारी उपस्थित रहे। इस दौरान मोबाइल टीबी एक्स-रे रथ को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया गया,जो अगले 100 दिनों तक गांव-गांव जाकर मरीजों की जांच और उपचार सुनिश्चित करेगा।
यह आयोजन जिले में स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता बढ़ाने और टीबी मुक्त भारत के लक्ष्य को साकार करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम साबित हुआ।




